सऊदी अरब में भारत समेत 20 देशों के नागरिकों की एंट्री पर रोक; मैक्सिको को कोवीशील्ड के 10 लाख डोज देगा भारत

दुनिया में कोरोना मरीजों का आंकड़ा 10.78 करोड़ से ज्यादा हो गया। 7 करोड़ 98 लाख से ज्यादा लोग ठीक हो चुके हैं। अब तक 23 लाख 63 हजार से ज्यादा लोग जान गंवा चुके हैं। ये आंकड़े www.worldometers.info/coronavirus के मुताबिक हैं।

कोरोना के बढ़ते मामलों के मद्देनजर सऊदी अरब में भारत समेत 20 देशों के नागरिकों की एंट्री पर रोक लगा दी गई है। रियाद में भारतीय दूतावास ने गुरुवार को इस बारे में जानकारी दी। सोशल मीडिया पर एडवाइजरी शेयर करते हुए कहा गया कि 2 फरवरी से सऊदी अरब में 19 देशों के नागरिकों के प्रवेश पर बैन है। इसमें भारत को भी जोड़ दिया गया है। जिन देशों पर प्रतिबंध लगाया गया है, उनमें अर्जेंटीना, संयुक्त अरब अमीरात, जर्मनी, अमेरिका, इंडोनेशिया, आयरलैंड, इटली, पाकिस्तान, ब्राजील, पुर्तगाल, ब्रिटेन, तुर्की, साउथ अफ्रीका, स्वीडेन, स्वीट्जरलैंड, फ्रांस, लेबनान, मिस्र और जापान शामिल हैं।

वहीं, भारत जल्द ही मैक्सिको को एस्ट्राजेनेका-ऑक्सफोर्ड की कोरोना वैक्सीन कोवीशील्ड के 10 लाख डोज मुहैया कराएगा। मैक्सिको के राष्ट्रपति एंड्रेस मैनुअल लोपेज ओब्रैडोर ने बुधवार को इस बारे में बताया। उन्होंने बताया कि भारत ने 5 लाख वैक्सीन की पहली खेप रविवार को यहां पहुंचेगी। इसके बाद कुछ दिन बाद 5 लाख डोज की दूसरी खेप के आने की संभावना है।

ऑस्ट्रेलिया में 8 संक्रमित मिले
ऑस्ट्रेलिया की हेल्थ मिनिस्ट्री ने एक क्वारैंटाइन होटल में 8 संक्रमित मिलने के बाद पूरे इलाके में टेस्टिंग और कॉन्टैक्ट ट्रैसिंग बढ़ाने का फैसला किया है। हेल्थ मिनिस्ट्री ने एक बयान में माना कि जिस होटल में दूसरे देशों से आए लोगों को क्वारैंटाइन किया गया था वे सभी सुरक्षित हैं, लेकिन आठ लोगों की रिपोर्ट पॉजिटिव आई है। इससे कम्यूनिटी ट्रांसमिशन का खतरा है, लिहाजा इस इलाके में रहने वाले सभी लोगों से फौरन टेस्ट कराने को कहा गया है। यह भी पता लगाया जा रहा है कि संक्रमित किन लोगों के संपर्क में आए थे। ऑस्ट्रेलियाई सरकार ने लगातार 100 दिन तक लॉकडाउन रखा था। इस शहर में ही 800 लोगों की मौत हो चुकी है।

ऑस्ट्रेलिया के मेलबर्न में एक होटल में क्वारैंटाइन किए गए आठ लोगों को संक्रमित पाया गया है। इसके बाद यहां सुरक्षा बढ़ा दी गई है। साथ ही यहां मास टेस्टिंग और कॉन्टैक्ट ट्रैसिंग बड़े पैमाने पर शुरू की गई है।
ऑस्ट्रेलिया के मेलबर्न में एक होटल में क्वारैंटाइन किए गए आठ लोगों को संक्रमित पाया गया है। इसके बाद यहां सुरक्षा बढ़ा दी गई है। साथ ही यहां मास टेस्टिंग और कॉन्टैक्ट ट्रैसिंग बड़े पैमाने पर शुरू की गई है।

एस्ट्राजेनिका वैक्सीन कारगर
WHO ने कहा है कि एस्ट्राजेनिका और ऑक्सफोर्ड की वैक्सीन सभी वयस्कों के लिए कारगर है। संगठन का यह बयान इसलिए मायने रखता है, क्योंकि साउथ अफ्रीका ने यह कहते हुए इसके इस्तेमाल पर रोक लगा दी थी कि यह 65 साल से ऊपर के लोगों को नहीं दी जा सकती, क्योंकि इन पर यह इफेक्टिव साबित नहीं हुई। अब WHO ने कहा है कि यह साउथ अफ्रीका में पाए गए नए वैरिएंट के खिलाफ भी उतनी ही असरदार है, जितनी पुराने वायरस के खिलाफ। संगठन ने तो इसे लगाने की पैरवी भी की है। संगठन ने कहा है कि यह वैक्सीन दो डोजेस में दी जानी चाहिए।

साउथ अफ्रीका में एस्ट्राजेनिका वैक्सीन के नए वैरिएंट के खिलाफ कारगर रहने पर सवाल उठे थे। अब WHO ने कहा है कि यह 65 साल से ज्यादा उम्र के संक्रमितों के लिए भी कारगर साबित होगी।
साउथ अफ्रीका में एस्ट्राजेनिका वैक्सीन के नए वैरिएंट के खिलाफ कारगर रहने पर सवाल उठे थे। अब WHO ने कहा है कि यह 65 साल से ज्यादा उम्र के संक्रमितों के लिए भी कारगर साबित होगी।

अस्थमा की दवाई पर अच्छी खबर
अस्थमा से परेशान लोगों के लिए एक अच्छी खबर है। ‘द गार्डियन’ की एक रिपोर्ट के मुताबिक, अस्थमा से पीड़ित कोविड-19 के संक्रमितों के इलाज में इसी, यानी अस्थमा की दवाइयां कारगर साबित हो सकती हैं। हालांकि, रिपोर्ट में ये भी कहा गया है कि संक्रमण की पुष्टि होने के बाद यह पहले ही हफ्ते में दी जानी चाहिए, क्योंकि इसे शुरुआती स्तर पर ही काबू किया जा सकता है। संक्रमण की शुरुआत में लक्षण उतने घातक नहीं होते जितने बाद में हो जाते हैं। अभी किसी खास दवा का नाम नहीं बताया गया है।

एक नई रिसर्च में सामने आया है कि अस्थमा के पेशेंट्स को अगर संक्रमण के शुरुआती हफ्ते में इसकी शुरुआती दवा दी जाए तो यह इन मरीजों के लिए लाभदायक साबित हो सकती है। (प्रतीकात्मक)
एक नई रिसर्च में सामने आया है कि अस्थमा के पेशेंट्स को अगर संक्रमण के शुरुआती हफ्ते में इसकी शुरुआती दवा दी जाए तो यह इन मरीजों के लिए लाभदायक साबित हो सकती है। (प्रतीकात्मक)

इटली में नए वैरिएंट के मरीज मिलने के बाद नए रेड जोन बनाए
इटली में कोरोना के ब्रिटेन, ब्राजील और साउथ अफ्रीकी वैरिएंट के मरीज मिलने के बाद नए रेड जोन बनाए गए हैं। ये रेड जोन उन्हीं इलाकों में बनाए गए हैं, जहां नए वैरिएंट के मरीजों की पहचान की गई थी। यहां लोगों के घर से बाहर निकलने पर पाबंदी लगाई गई है। सिर्फ जरूरी काम और मेडिकल रीजन से ही बाहर जाने की इजाजत है। ये पाबंदियां 21 फरवरी तक के लिए लगाई गई हैं।

टॉप-10 देश, जहां अब तक सबसे ज्यादा लोग संक्रमित हुए

देश संक्रमित मौतें ठीक हुए
अमेरिका 27,897,214 483,200 17,827,323
भारत 10,871,060 155,399 10,571,629
ब्राजील 9,662,305 234,945 8,596,130
रूस 4,012,710 78,134 3,516,461
UK 3,985,161 114,851 2,018,844
फ्रांस 3,360,235 80,147 235,717
स्पेन 3,005,487 63,061 N/A
इटली 2,668,266 92,338 2,165,817
तुर्की 2,548,195 26,998 2,437,382
जर्मनी 2,306,660 63,649 2,073,100

(ये आंकड़े www.worldometers.info/coronavirus/ के मुताबिक हैं)

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